RBI का नया CIBIL स्कोर नियम – 16 जुलाई से हुए लागू
भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) ने 16 जुलाई 2025 से CIBIL स्कोर और क्रेडिट रिपोर्टिंग से संबंधित कई नए नियम लागू कर दिए हैं। इन नियमों का उद्देश्य लोन लेने वालों को अधिक अधिकार और पारदर्शिता प्रदान करना है।
🔍 नया क्या है?
- रियल-टाइम अपडेट: अब बैंकों और NBFCs को हर 7 दिन में CIBIL को डेटा अपडेट करना होगा। इससे स्कोर अधिक रियल टाइम और सटीक रहेगा।
- डिस्प्यूट रिज़ॉल्यूशन टाइटलाइन: किसी भी गलती की स्थिति में CIBIL को 21 दिनों के भीतर समाधान देना अनिवार्य होगा।
- फ्री रिपोर्ट की सीमा बढ़ी: अब हर उपभोक्ता को साल में 4 बार मुफ्त CIBIL रिपोर्ट मिलेगी। पहले यह केवल 1 बार थी।
- नेगेटिव एंट्री की सूचना: कोई भी नकारात्मक जानकारी जुड़ने से पहले ग्राहक को SMS/ईमेल द्वारा सूचित किया जाएगा।
📊 क्यों हैं ये बदलाव ज़रूरी?
अभी तक ग्राहकों को गलत रिपोर्टिंग या स्कोर में गिरावट की जानकारी समय से नहीं मिलती थी। इससे न केवल उनका स्कोर गिरता था बल्कि लोन एप्लिकेशन भी रिजेक्ट हो जाते थे। इन नए नियमों से ग्राहक समय पर कार्रवाई कर सकेंगे।
🏦 लोन लेने वालों के लिए लाभ
- बैंक या लोन एजेंसी की गलती का जल्दी समाधान
- अपना स्कोर ट्रैक करने में आसानी
- फ्री रिपोर्ट के ज़रिए बेहतर वित्तीय योजना
⚖️ RBI की सख्ती का मकसद
RBI अब यह सुनिश्चित करना चाहता है कि क्रेडिट स्कोरिंग सिस्टम पारदर्शी और उपभोक्ता हितैषी
📌 निष्कर्ष
16 जुलाई 2025 से लागू हुए ये नए नियम भारत के फाइनेंशियल सिस्टम को और भी पारदर्शी और ग्राहक-केंद्रित
टिप: आप अभी MyCIBIL या बैंक की वेबसाइट पर जाकर अपनी फ्री रिपोर्ट चेक करें और अपनी क्रेडिट हेल्थ को बेहतर बनाएं।
